board exam: अब साल में 2 बार दे सकेंगे बोर्ड परीक्षा 10वीं, 12वीं के छात्र, शिक्षा मंत्री के तरफ से आया यह निर्देश

board exam: हेल्लो दोस्तों आज के हमारे इस नए आर्टिकल में आपका स्वागत है आज मै आपको बताने वाला हु की अब 10वीं और 12वीं बोर्ड के छात्रों के पास साल में 2 बार एग्जाम देना होगा ऐसा नियम लागु सरकार द्वारा किया जा रहा है। इसकी जानकारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र जी के द्वारा जारी किया गया है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने सोमवार को कहा कि 2025-26 के सेसन से छात्रों के पास साल में दो बार 10वीं और 12वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाओं को करने का निर्दय लिया जा रहा है। मै आपको बता दू की योजना का उद्देश्य शैक्षणिक तनाव को कम करने के लिए किया जा रहा है.

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Board Exam: बच्चो को मिलेगा पर्याप्त समय

मै आपको बता देना चाहता हु की उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि एनईपी 2020 में छात्रों को अकादमिक रूप से एक्सीलेंसी प्राप्त करने व छात्रों को पर्याप्त अवसर देने के लिए साल में दो बार एग्जाम करने का एलान किया जा रहा है। पिछले साल अगस्त में शिक्षा मंत्रालय के घोषित नए सिलेबस (एनसीएफ) के अनुसार, छात्रों को अच्छा प्रदर्शन करने के लिए पर्याप्त समय और अवसर सुनिश्चित करने के लिए बोर्ड परीक्षाएं साल में 2 बार करायी जाये। और उनपर पढ़ाई का जादा लोड न हो पाये इसलिए सरकार ने इस तरह का फैसला लिया है|

सरकार स्कूलों पर 2 करोड़ का खर्च करने वाली है

मै आपको बता देना चाहता हु की छत्तीसगढ़ में पीएम एसएचआरआई (प्राइम मिनिस्टर स्कूल फॉर राइजिंग इंडिया) योजना के तहत सरकार ने यह एलन किया है की साल में 2 बार बच्चो की एग्जाम करायी जाएंगी और उन्होंने कहा कि योजना के पहले चरण के तहत, राज्य के 211 स्कूलों को हर एक पर 2 करोड़ खर्च करके हब एंड स्पोक मॉडल पर फोकस डालने का प्रयाश किया है और यह योजना बच्चो के उत्तम भविष्य को देखते हुए यह फैसला लिया गया है|

बच्चो के लिए आया एक सुनहरा मौका

मै आपको बता देना चाहता हु की अब बच्चो के नए नियम सरकार ने लागु किये है जीससे उनपर पढाई का जादा लोड नहीं रहेगा और बच्चे आसानी से बोर्ड एग्जाम साल में 2 बार दे सकेंगे|

देश के बच्चो की विकाश करने का नया सूत्र

मै आपको बता देना चाहता हु की सरकार ने नए परीक्षा प्रारूप को मंजूरी दे दिया है और उनसे दोनों परीक्षाओं में अपनी उच्चतम क्षमता का लक्ष्य रखने का एलन भी किया है। शिक्षा मंत्री ने यह कहा, “एनईपी के माध्यम से प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी का दृष्टिकोण छात्रों के उपर से पड़ाई ला लोड कम करने के लिए चलु करने का फैसला लिया है ,और उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना, छात्रों को संस्कृति से जोड़े रखना और उन्हें भविष्य को सुचारू रूप से बेहतर बनाए का प्रयाश किया जा रहा है.सरकार का यह मानना है इस योजना से बच्चो का भविष्य उज्जवल हो सकता है|

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